गुलावठी (बुलंदशहर) : नगर में बंदरों के बढ़ते आतंक से निजात
मिलना शुरू हो गया है। सोमवार को चलाए गए बंदर पकड़ो अभियान के
पहले दिन टीम ने 60 बंदरों को पिंजरे में कैद किया। बंदरों के
पकड़े जाने से कुछ मोहल्ले वासियों ने राहत महसूस की है।
नगर में पिछले काफी समय से बंदरों का आतंक फैला हुआ था जो दिन
प्रतिदिन बढ़ता ही जा रहा था। आए दिन स्कूली बच्चे व महिलाएं इनका
शिकार हो रहे थे। बंदरों का आतंक इस तरह फैला था कि आमजन काफी
भयभीत था। बंदरों को पकड़वाने के लिए जनता व सामाजिक संगठनों ने
पालिका व वन विभाग से भी संपर्क साधा लेकिन दोनों ने एक-दूसरे के
ऊपर अपना पल्ला झाड़ दिया।
नगर के राजीव अग्रवाल ने आरटीआई का सहारा लिया और संबंधित
विभागों से कुछ अहम बिंदुओं पर जानकारियां मांगी, जिसके बाद
संबंधित विभाग हरकत में आ गए और उन्होंने भी अपने स्तर से विभाग
के आला अफसरों को पत्र लिख उनसे बंदरों के पकड़े जाने के लिए
अनुमति मांगी। बंदरों को पकड़वाए जाने के लिए आमजन ने एक पंचायत
भी की, जिसमें आपस में धन एकत्र कर टीम से संपर्क साधना शुरू कर
दिया।
इस अभियान के पहले दिन सोमवार को मथुरा से आई बंदरों को पकड़ने
की टीम ने शहीद स्मारक व चौधरी धर्मशाला के निकट 60 बंदरों को
पकड़ा, जिन्हें हस्तिनापुर स्थित वन्य क्षेत्र में छोड़ा जाएगा।
जिन क्षेत्रों में यह अभियान चलाया गया उसमें रह रहे लोगों ने
राहत महसूस की है।